प्रशासन इच्छुक लाभार्थियों को गौ आश्रय स्थल से उपलब्ध कराए गाय, निराश्रित गाय की सेवा पर मिलेंगे ₹900 प्रति माह
डॉक्टर अखलाक अहमद खान
लखीमपुर खीरी। जिला सूचना एवं विज्ञान केंद्र (एनआईसी) खीरी में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिला प्रशासन की मौजूदगी में जिले की चार महिला लाभार्थियों ने मुख्यमंत्री से सीधी बात की। सर्वप्रथम जिला अधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री के समक्ष जिले में पोषण माह के आयोजित करने के संबंध में रणनीतिक एवं कार्य योजना के विषय में जानकारी दी। उन्होंने जिले में दो जुड़वा कुपोषित बच्चों ( जिनमें जन्म के समय एक बच्चे का वजन एक किलो 200 ग्राम एवं दूसरे का एक किलो था)को विभाग ने विभिन्न तरीके अपनाकर सुपोषित किया। वर्तमान में पहले बच्चे का वजन छह किलो 850 ग्राम एवं दूसरे बच्चे का वजन छह किलो 800 ग्राम है। मुख्यमंत्री ने उपस्थित महिला लाभार्थियों से जन्म के समय एवं वर्तमान में बच्चों के वजन सहित उनके स्वास्थ्य के संबंध में विस्तार से जानकारी हासिल की। उन्होंने पूछा कि के उनके बच्चों को स्वस्थ बनाने में जिला प्रशासन ने किस प्रकार से अपनी भूमिका निभाई। उन्होंने पोषाहार मिलने की पुष्टि सहित आंगनबाड़ी आने के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने महिला लाभार्थियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि यदि वह गौ पालन करना चाहती हैं, तो उन्हें प्रशासन गो- आश्रय स्थल से निशुल्क गाय मुहैया कराएगा। उन गायों के पालन हेतु प्रति गाय ₹900 प्रतिमाह भी उपलब्ध कराएगा। उन्होंने कहा कि गाय के गोबर से कंपोस्ट तैयार करते हुए घरों की छतों पर पौष्टिक हरी सब्जियों का उत्पादन करें और उस गाय का दूध भी बच्चों को पिलाएं।उन्होंने जिला प्रशासन से अभियान चला कर पोषण वाटिका एवं न्यूट्रिशन गार्डन का निर्माण कराने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने निर्देश दिया कि ग्राम स्तरीय शिक्षक, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी इत्यादि को गांव में रह रहे अति कुपोषित बच्चों के परिवार का नोडल बनाया जाए। जो उस परिवार के स्वास्थ्य पोषण रोजगार इत्यादि मूलभूत सुविधाओं को उपलब्ध कराने में अपनी अहम भूमिका निभाए। इस वीडियो कांफ्रेंसिंग में जुड़वा बच्चे हुमायरा एवं नूरमी की माता श्रीमती नाजमा, देवांश सिंह की माता श्रीमती श्वेता, अकरम की माता नगमा से मुख्यमंत्री ने सीधी बात कर उनके बच्चों को प्रशासन ने किस प्रकार से स्वस्थ बनाने में अपनी भूमिका निभाई उसकी पूरी दास्तान बयां की। बताते चलें कि उक्त सभी महिला लाभार्थियों के मुख्यमंत्री से बात करके चेहरे खिल उठे। विकास अधिकारी अरविंद सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ मनोज अग्रवाल, जिला विकास अधिकारी अरविंद कुमार, जिला कार्यक्रम अधिकारी सुनील कुमार श्रीवास्तव, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ आर०पी० दीक्षित, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी बुद्ध प्रिय सिंह, जिला पोषण विशेषज्ञ श्रद्धा वर्मा, सीडीपीओ पूजा त्रिपाठी, सुपरवाइजर गायत्री दारापुरी, आँगनबाडी मनोरमा देवी, तीन लाभार्थी मौजूद रहे।

No comments:
Post a Comment
Please share your views